उन्नाव के DBS स्टेडियम का कायाकल्प
प्रलभ शरण चौधरी/उन्नाव/Truth India Times
उन्नाव, सरैयां: उन्नाव के खेल प्रेमियों और उभरते हुए धावकों के लिए एक बड़ी खुशखबरी है। जनपद के सिकंदरपुर सरोसी विकास खंड स्थित डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी (DBS) स्टेडियम को अब आधुनिक सुविधाओं से लैस करने की तैयारी पूरी हो चुकी है। युवा कल्याण विभाग की ओर से करीब 30 लाख रुपए की निधि स्वीकृत की गई है, जिससे स्टेडियम को एक ‘हाईटेक’ स्वरूप दिया जाएगा। इस पहल से न केवल पेशेवर खिलाड़ियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर की सुविधाएं मिलेंगी, बल्कि स्थानीय नागरिकों के लिए भी यह एक बेहतरीन फिटनेस हब बनेगा।
नए बजट से क्या-क्या होगा हाईटेक?
स्टेडियम के आधुनिकीकरण की योजना को जमीन पर उतारने का काम शुरू हो गया है। इस बार बजट का मुख्य फोकस खिलाड़ियों की बुनियादी जरूरतों और सुरक्षा पर है। परियोजना के तहत निम्नलिखित कार्य कराए जाएंगे:
- ओपन जिम: युवाओं और बुजुर्गों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए अत्याधुनिक फिटनेस उपकरणों से लैस एक ओपन जिम स्थापित किया जाएगा।
- रनिंग ट्रैक का विस्तार: धावकों की मांग को देखते हुए 400 मीटर के मौजूदा रनिंग ट्रैक को और अधिक चौड़ा किया जाएगा, ताकि एक साथ कई धावक बेहतर अभ्यास कर सकें।
- सुरक्षा और निगरानी: मुख्य द्वार पर एक गार्ड रूम का निर्माण शुरू हो गया है, जिससे स्टेडियम की संपत्ति की सुरक्षा और असामाजिक तत्वों पर नजर रखना आसान होगा।
- स्वच्छता की सुविधा: खिलाड़ियों और दर्शकों के लिए आधुनिक शौचालय और बाथरूम का निर्माण कराया जाएगा।
- सोलर हाई मास्ट लाइट: पूरे परिसर में सोलर आधारित हाई मास्ट लाइटें लगाई जाएंगी, जिससे रात के समय भी खिलाड़ी अभ्यास कर सकेंगे और बिजली की बचत भी होगी।
2023 में भी हुआ था सौंदर्यीकरण
बता दें कि डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी स्टेडियम प्रशासन की प्राथमिकता में रहा है। इससे पहले वर्ष 2023 में मनरेगा के तहत ‘क्रिटिकल गैप्स योजना’ के माध्यम से ₹45.61 लाख खर्च किए गए थे। उस समय ग्रामीण अभियंत्रण विभाग ने यहां बास्केटबॉल कोर्ट, बैडमिंटन कोर्ट, क्रिकेट पिच, पवेलियन और दो चेंजिंग रूम का निर्माण कराया था। अब युवा कल्याण विभाग का नया बजट इन मौजूदा सुविधाओं को और अधिक आधुनिक बनाने का काम करेगा।
ग्राउंड लेवलिंग और सौंदर्य पर भी जोर
ग्राम प्रधान राजेंद्र लोधी ने बताया कि नए कार्यों की औपचारिक शुरुआत गार्ड रूम की नींव खुदाई के साथ हो चुकी है। ट्रैक को चौड़ा करने के साथ-साथ पूरे ग्राउंड की लेवलिंग (समतलीकरण) भी की जाएगी ताकि बारिश के मौसम में जलभराव की समस्या न हो। सोलर ऊर्जा के इस्तेमाल से यह स्टेडियम जिले के पर्यावरण-अनुकूल खेल परिसरों में से एक बन जाएगा।
खिलाड़ियों और स्थानीय लोगों में उत्साह
डीबीएस स्टेडियम का यह हाईटेक अपग्रेड केवल खेल तक सीमित नहीं है। सुबह-शाम टहलने आने वाले वरिष्ठ नागरिकों से लेकर सेना और पुलिस भर्ती की तैयारी करने वाले युवाओं तक, हर वर्ग में इस खबर को लेकर उत्साह है। ओपन जिम की सुविधा से उन युवाओं को विशेष लाभ मिलेगा जो महंगे जिम की फीस नहीं दे सकते।
प्रशासनिक नजरिया: खेल संस्कृति को बढ़ावा
युवा कल्याण विभाग के अधिकारियों का मानना है कि ग्रामीण क्षेत्रों में इस तरह के आधुनिक स्टेडियम होने से प्रतिभाएं दबती नहीं हैं। बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर मिलने से स्थानीय खिलाड़ी राज्य और राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं के लिए खुद को तैयार कर सकेंगे।
Truth India Times की रिपोर्ट: स्टेडियम प्रोफाइल
| विवरण | प्रमुख जानकारी |
| स्टेडियम का नाम | डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी स्टेडियम (DBS) |
| स्थान | ग्राम सभा सरैयां, सिकंदरपुर सरोसी, उन्नाव |
| नया बजट (2025) | ₹30 लाख (युवा कल्याण विभाग निधि) |
| पिछला बजट (2023) | ₹45.61 लाख (मनरेगा/क्रिटिकल गैप्स योजना) |
| मुख्य आकर्षण | ओपन जिम, चौड़ा रनिंग ट्रैक, सोलर हाई मास्ट लाइट |
| लाभार्थी | खिलाड़ी, सेना भर्ती अभ्यर्थी और फिटनेस प्रेमी नागरिक |
Truth India Times का नजरिया:
उन्नाव जैसे जनपद में खेलों को बढ़ावा देने के लिए संसाधनों का आधुनिक होना बहुत जरूरी है। सरैयां के इस स्टेडियम का अपग्रेड होना इस बात का प्रमाण है कि सरकार ग्रामीण प्रतिभाओं को तराशने के लिए गंभीर है। हालांकि, निर्माण कार्य की गुणवत्ता और भविष्य में इसके रखरखाव (Maintenance) पर भी प्रशासन को पैनी नजर रखनी होगी ताकि सरकारी धन का सही उपयोग हो सके और खिलाड़ियों को लंबे समय तक इसका लाभ मिले।
About The Author
Discover more from Truth India Times
Subscribe to get the latest posts sent to your email.